उपायुक्त ने राजस्व संग्रहण की समीक्षा बैठक की, सभी विभागों को राजस्व संग्रहण में तेज़ी लाने का दिया निर्देश।
पलामू न्यूज Live//मेदिनीनगर: पलामू उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी समीरा एस ने सोमवार को राजस्व से जुड़े सभी विभागों द्वारा राजस्व वसूली की समीक्षा की गयी। इस दौरान विभिन्न विभागों को चालू वित्तिय वर्ष में प्राप्त लक्ष्य के विरुद्ध कितनी वसूली की गयी है से संबंधित विस्तृत जानकारी ली गयी। उन्होंने सभी पदाधिकारियों को लक्ष्य को हासिल करने दिशा में कई दिशा-निर्देश दिया।
खनन क्षेत्र में राजस्व वसूली में तेजी लाये।
उपायुक्त ने खनन विभाग की समीक्षा की वित्तिय वर्ष 2025-26 के तहत 58433.31 लाख रुपये वार्षिक लक्ष्य प्राप्त है जिसके विरुद्ध अबतक 14517.10 लाख रुपये की वसूली की गयी है। डीसी ने खान निरीक्षक को खनन के क्षेत्र में राजस्व वसूली में तेजी लाने की बात कही साथ ही अगली बैठक में रॉयल्टी और पेनाल्टी का अलग से डेटा संग बैठक में उपस्थित रहने पर बल दिया।
परिवहन विभाग की भी हुई समीक्षा।
इसी तरह परिवहन विभाग की समीक्षा करते हुए उपायुक्त ने पाया कि विभाग को वर्तमान वित्तिय वर्ष में 7608.30 लाख रुपये की वसूली का लक्ष्य दिया गया था। जिसके विरुद्ध परिहवन विभाग द्वारा अबतक 7587.61लाख रुपये की राजस्व वसूली कर ली गयी है।मोटरयान निरीक्षक पलामू को 449 लाख रुपए वसूली के लक्ष्य के विरुद्ध 296.08 लाख रुपये वसूली की गयी है।
उत्पाद अधीक्षक को लगातार छापामारी करने का दिया निर्देश।
उत्पाद विभाग की समीक्षा के दौरान उत्पाद अधीक्षक ने उपायुक्त को बताया कि उत्पाद विभाग को 16759.50 लाख रुपए वसूली का वार्षिक लक्ष्य दिया गया था जिसके विरुद्ध फरवरी माह तक 14812.88 लाख रुपये के राजस्व वसूली कर ली गयी है। इसी तरह मेदिनीनगर नगर निगम को 1560.55 लाख रुपये की वसूली का लक्ष्य है जिसके विरुद्ध अबतक 1185.76 लाख रुपया की वसूली की गयी है जो प्राप्त लक्ष्य का 76 प्रतिशत है।
इसी तरह अवर निबंधन, राष्ट्रीय बचत विभाग, विद्युत आपूर्ति विभाग की भी समीक्षा की गयी। उन्होंने संबंधित विभाग के पदाधिकारी को शत प्रतिशत लक्ष्य प्राप्ति की दिशा में योजना बनाते हुए कार्य करने की बात कही। इसी कर्म में उपायुक्त ने सरकार के विभिन्न विभागों को भूमि हस्तांतरण हेतु लंबित भूमि के विवरणी का अंचलवार समीक्षा किया गया।
भू-लगान,निबंधन,दाखिल-खारिज की भी हुई समीक्षा।
बैठक में भू-लगान, निबंधन, दाखिल-खारिज, सकसेशन म्यूटेशन, पार्टीशन म्यूटेशन और भूमि सीमांकन की भी समीक्षा की गयी। उन्होंने सभी सीओ को निर्धारित समय में म्यूटेशन के मामलों को निष्पादन करने पर बल दिया।
इसके अलावे 2025-26 में प्राकृतिक आपदाओं एवं राज्य स्तरीय अधिसूचित आपदाओं से प्रभावितों को सहायता राशि स्वीकृती से संबंधित प्रतिवेदन, ई-रेवेन्यू कोर्ट का स्टेटस, लैंड डीमारकेशन, झारखंड लगान कलेक्शन की भी समीक्षा की गयी।
बैठक में उपायुक्त के अलावा अपर समाहर्ता कुंदन कुमार, हुसैनाबाद एसडीओ, सहायक समाहर्ता, तीनों भूमि सुधार उप समाहर्ता, सभी अंचल अधिकारी समेत अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे।

